पहले फेज की वोटिंग में सुबह से ही मुर्शिदाबाद के अलग-अलग हिस्सों में अशांति है। चुनाव आयोग ने नवादा की घटना पर रिपोर्ट मांगी है। नवादा में बूथ नंबर 174 पर सुबह-सुबह लड़ाई के मैदान जैसे हालात बन गए। तृणमूल कैंडिडेट साहिना मुमताज खान और आम जनता उन्नयन पार्टी के कैंडिडेट हुमायूं कबीर एक ही समय पर बूथ पर पहुंचे। आरोप है कि हुमायूं कबीर को तो बूथ में आसानी से घुसने दिया गया, लेकिन तृणमूल कैंडिडेट साहिना को रोका जा रहा था। सबसे बड़ा विवाद चुनाव नियमों के उल्लंघन को लेकर हुआ। साहिना मुमताज ने आरोप लगाया कि बूथ परिसर में तेज आवाज में बांसुरी बजाई जा रही थी। ध्यान देने वाली बात यह है कि हुमायूं कबीर की पार्टी का चुनाव निशान ‘बांसुरी’ है। नियमों के मुताबिक, पोलिंग स्टेशन के तय दायरे में कोई भी प्रमोशनल काम या निशान नहीं दिखाया जा सकता। साहिना मुमताज ने गुस्सा जाहिर करते हुए कहा, “चुनाव नियमों का सम्मान किए बिना बूथ के अंदर सीटी बजाकर वोटरों को प्रभावित किया जा रहा है। लेकिन मुझे रोका जा रहा है।” हुमायूं कबीर ने जवाब में कहा कि उन्हें कैंडिडेट के तौर पर बूथ में घुसने का पूरा हक है। उन्होंने कहा, “हम सीटी बजाएंगे, अगर वे चाहें तो अपने झंडे भी फहरा सकते हैं। मेरे एजेंट को बूथ में घुसने से रोका जा रहा था, इसलिए मैं उसे खुद ले आया।” दोनों बड़े नेताओं के फॉलोअर्स के बीच जमकर हाथापाई और लड़ाई हुई। हालात ऐसे हो गए कि दोनों पार्टियों के वर्कर्स ने पुलिस और सेंट्रल फोर्स के सामने ही एक-दूसरे पर हमला कर दिया। हुमायूं के फॉलोअर्स ने शफीउज्जमां शेख को टारगेट करते हुए ‘चोर’ के नारे लगाने शुरू कर दिए। जवाब में, तृणमूल वर्कर्स ने हुमायूं कबीर को घेर लिया और ‘गो-बैक’ के नारे लगाए। सेंट्रल फोर्स ने बार-बार लाठियां फटकारकर हालात को कंट्रोल करने की कोशिश की, लेकिन झड़पों की वजह से इलाका जंग के मैदान में बदल गया। तृणमूल वर्कर्स हुमायूं कबीर के काफिले के सामने बैठ गए। पुलिस ने उन्हें लाठियां फटकारते हुए खदेड़ा। हुमायूं कबीर कुर्सियों पर बैठकर सड़क पर प्रोटेस्ट करने लगे। तृणमूल वर्कर्स उल्टी दिशा में जमा हो गए। इस बीच, डोमकल में लेफ्ट सपोर्टर्स को वोटिंग से रोकने का आरोप तृणमूल पर लगा है। वीडियो वायरल होने के बाद चुनाव आयोग ने रिपोर्ट तलब की है। बुधवार रात से डोमकल में लेफ्ट और तृणमूल समर्थकों के बीच झड़पें शुरू हो गई हैं। गुरुवार सुबह रायपुर इलाके में CPM समर्थकों के एक ग्रुप को वोटिंग से रोकने के आरोप लगे हैं। आरोप है कि पुलिस और सेंट्रल फोर्स ने मदद नहीं की। इस बीच, फतेहपुर, चांदीपुर, ईस्ट मेदिनीपुर में BJP और तृणमूल कार्यकर्ताओं के बीच झड़प से तनाव फैल गया है। CPM ने आरोप लगाया है कि सिलीगुड़ी में BJP कार्यकर्ता बूथ के 100 मीटर के अंदर जमा हो गए। घटना को लेकर हंगामा हो रहा है। यह सिलीगुड़ी के जगदीश चंद्र विद्यापीठ तक फैल गया। आसनसोल में अग्निमित्रा पाल ने पुलिस पर कार रोकने का आरोप लगाया है। पुलिस से कुछ देर बातचीत के बाद हालात नॉर्मल हो गए।