केरल में भारी बारिश ने कई इलाकों में मुश्किलें बढ़ा दी हैं। मलप्पुरम, कोट्टायम और इडुक्की में बारिश के कारण फ्लैश फ्लड, भूस्खलन और मलबा गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। इन हादसों में अब तक 5 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 2 लोग लापता बताए जा रहे हैं। सबसे गंभीर घटना मलप्पुरम जिले के नीलांबुर-अमरमबलम इलाके में सामने आई। रविवार शाम कोट्टापुझा नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से कई लोग तेज बहाव की चपेट में आ गए। स्थानीय स्तर पर चलाए गए सर्च ऑपरेशन के दौरान कई शव बरामद किए गए, जबकि एक व्यक्ति के लापता होने की जानकारी सामने आई है। कोट्टायम जिले में भी भारी बारिश के बीच भूस्खलन की घटनाएं हुईं। टीकोय के पास वेलाथुसेरी में तमिलनाडु की 35 वर्षीय महिला की मौत हो गई। वह एक अन्य महिला के साथ दोपहिया वाहन से जा रही थीं, तभी सड़क पर मलबा गिरने से हादसा हुआ। दूसरी महिला को बचा लिया गया। इडुक्की के कोट्टाकंबूर इलाके में बारिश से बचने के लिए एक अस्थायी शेड में गए लोगों पर भूस्खलन का मलबा गिर गया। इस हादसे में दो लोगों की जान चली गई, जबकि एक महिला घायल हुई। मौसम विभाग ने केरल के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश की संभावना जताई है। कोट्टायम और इडुक्की समेत प्रभावित इलाकों में अलर्ट बढ़ाया गया है। मौसम विभाग के अनुसार ऑरेंज अलर्ट का मतलब 24 घंटे में 11 से 20 सेंटीमीटर तक बहुत भारी बारिश की संभावना है। लगातार बिगड़ते मौसम को देखते हुए मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने राज्य में हालात की हर घंटे समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। इडुक्की और कोट्टायम के कलेक्टरों के साथ समीक्षा बैठक की गई है और संवेदनशील इलाकों में जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं। मलप्पुरम के प्रभावित इलाके में विशेष आपदा प्रबंधन दल को भेजा गया है। पुलिस, दमकल और स्थानीय लोगों की मदद से लापता लोगों की तलाश जारी है। प्रशासन ने लोगों से नदी, पहाड़ी और भूस्खलन की आशंका वाले इलाकों में सावधानी बरतने की अपील की है।