वृंदावन स्थित प्रेमानंद महाराज के आश्रम को लेकर पिछले कुछ समय से लगातार अलग-अलग मामले सामने आ रहे हैं। एक शिष्य की संदिग्ध मौत के बाद अब 17 वर्षीय अनुज चौधरी के लापता होने का मामला सामने आया है। अनुज की तलाश में उसके परिजन राधा केली कुंज के सामने धरने पर बैठे हैं। परिवार का आरोप है कि आश्रम से जुड़े शिष्य उनकी मदद नहीं कर रहे हैं। परिजन लगातार अपने बेटे की सकुशल बरामदगी की मांग कर रहे हैं। इन घटनाओं के बीच आश्रम की सुरक्षा और वहां आने वाले लोगों की निगरानी को लेकर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, सामने आए सभी मामलों को लेकर अलग-अलग स्तरों पर जांच और आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। प्रेमानंद महाराज की पहचान सोशल मीडिया के जरिए तेजी से देशभर में बढ़ी है। उनके सत्संग और आध्यात्मिक संदेशों के वीडियो बड़ी संख्या में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किए जाते रहे हैं। जनवरी 2023 में विराट कोहली और अनुष्का शर्मा अपनी बेटी के साथ प्रेमानंद महाराज से मिलने पहुंचे थे। इसके बाद महाराज की लोकप्रियता और ज्यादा बढ़ गई। उनके आश्रम और रात की पदयात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और अनुयायी पहुंचने लगे। हालांकि पिछले कुछ महीनों से उनकी रात की पदयात्रा बंद बताई जा रही है। इसी दौरान आश्रम से जुड़े एक बच्चे और एक युवती के लापता होने की बातें भी सामने आई हैं। इन घटनाओं के कारण श्रद्धालुओं और परिवारों के बीच चिंता का माहौल देखा जा रहा है। प्रेमानंद महाराज के सत्संग से जुड़े वीडियो भी पहले की तुलना में कम दिखाई देने की बात कही जा रही है। कुछ समय पहले तक उनके यूट्यूब चैनल और सोशल मीडिया माध्यमों पर पुराने और नए सत्संग से जुड़े वीडियो लगातार उपलब्ध रहते थे। इन वीडियो के जरिए बड़ी संख्या में लोग उनके प्रवचनों और आध्यात्मिक संदेशों से जुड़ते रहे हैं। अब वीडियो की गतिविधि कम होने से सोशल मीडिया पर इसे लेकर अलग-अलग तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि वीडियो कम आने के पीछे क्या वजह है, इसकी कोई स्पष्ट आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। ऐसे में सोशल मीडिया पर चल रही अटकलों को किसी निष्कर्ष के तौर पर नहीं देखा जा सकता। आश्रम या संबंधित प्रबंधन की ओर से इस संबंध में स्पष्ट जानकारी सामने आने के बाद ही स्थिति साफ हो सकेगी। आश्रम से जुड़ी गतिविधियों को लेकर चर्चा उस समय भी तेज हुई थी, जब प्रेमानंद महाराज यमुना पार बनाए जा रहे नए आश्रम की ओर चले गए थे। उनके स्थान परिवर्तन को लेकर सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों में अलग-अलग तरह की बातें सामने आती रही हैं। हालांकि आश्रम की ओर से ऐसी कोई जानकारी सामने नहीं आई, जिससे किसी गंभीर स्थिति की पुष्टि होती हो। इसी बीच आश्रम के शिष्य दीपक पटेल उर्फ रसिक दुलारी शरण की मौत का मामला सामने आया। बताया गया कि वह एक भवन की चौथी मंजिल से नीचे गिर गए थे। हादसे के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई। इस घटना ने आश्रम में रहने वाले और वहां आने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी। आश्रम के बाहर एक ढाबे पर काम करने वाली महिला के 10 वर्षीय बेटे वंश के लापता होने का मामला भी सामने आया है। नजफगढ़ निवासी अनीता के अनुसार वह अपने बेटे के साथ ढाबे पर खाना बनाने का काम करती है। महिला ने बताया कि करीब छह दिन पहले वह किसी काम से अपने गांव गई थीं। इस दौरान उन्होंने अपने बेटे को ढाबे पर ही छोड़ दिया था। जब वह वापस लौटीं तो उनका बेटा वहां मौजूद नहीं था। अनीता के मुताबिक वह पहले भी अपने बेटे को ढाबा मालिक के पास छोड़कर जाती रही थीं। बेटे के अचानक गायब होने के बाद परिवार उसकी तलाश में जुटा हुआ है। परिजन बच्चे की सकुशल बरामदगी की उम्मीद कर रहे हैं और मामले में जानकारी जुटाने की कोशिश की जा रही है। नोएडा सेक्टर-56 निवासी उमेश सिन्हा अपनी 38 वर्षीय बेटी विभा की तलाश में वृंदावन पहुंचे हैं। उमेश के मुताबिक उनकी बेटी 15 अगस्त को घर से प्रेमानंद महाराज के आश्रम जाने के लिए निकली थी। परिवार के अनुसार विभा महाराज से दीक्षा लेना चाहती थी। लेकिन आश्रम जाने के बाद उसका परिवार से संपर्क नहीं हो सका और उसके बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिली। इसके बाद परिवार ने नोएडा पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। बेटी की तलाश में उमेश वृंदावन पहुंचे और आश्रम के आसपास भी जानकारी जुटाने की कोशिश की। उनका कहना है कि अभी तक बेटी के बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पाई है। परिवार लगातार उसकी सुरक्षित वापसी की उम्मीद कर रहा है। अब 17 वर्षीय अनुज चौधरी के लापता होने का मामला भी सामने आया है, जिसके बाद उसके परिजन राधा केलि कुंज के सामने धरने पर बैठे हैं। परिवार का कहना है कि वे अनुज की तलाश में लगातार प्रयास कर रहे हैं। परिजनों ने आश्रम से जुड़े लोगों से भी सहयोग की मांग की है। उनका आरोप है कि आश्रम के शिष्य उनकी मदद नहीं कर रहे हैं। परिवार की मुख्य मांग है कि अनुज का जल्द से जल्द पता लगाया जाए और उसे सुरक्षित घर वापस लाया जाए। इस मामले ने आश्रम आने वाले लोगों की सुरक्षा और लापता होने वाले लोगों की निगरानी को लेकर सवाल खड़े किए हैं। हालांकि, मामले में वास्तविक स्थिति की जांच और आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्पष्ट होगी। प्रेमानंद महाराज के आश्रम से जुड़े इन अलग-अलग मामलों के सामने आने के बाद वृंदावन में आश्रम की गतिविधियों और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा तेज हो गई है। इनमें लापता लोगों से जुड़े मामले, शिष्य की मौत और सोशल मीडिया गतिविधियों में बदलाव शामिल हैं। हालांकि, इन सभी घटनाओं को एक-दूसरे से जोड़कर देखना फिलहाल उचित नहीं होगा। हर मामले की अपनी अलग परिस्थितियाँ हैं और उनके बारे में आधिकारिक जानकारी महत्वपूर्ण है। परिवारों की ओर से लगाए गए आरोपों की भी स्वतंत्र रूप से पुष्टि होना बाकी है। ऐसे में पुलिस जांच और संबंधित पक्षों के बयान इस पूरे मामले में महत्वपूर्ण होंगे। फिलहाल लापता लोगों के परिवार अपने परिजनों की सुरक्षित वापसी की उम्मीद में जानकारी और मदद का इंतजार कर रहे हैं।
