इस बार अगर बंगाल में तृणमूल कांग्रेस सत्ता में आई तो ‘भतीजों’ का राज शुरू हो जाएगा। बीजेपी की परिवर्तन यात्रा की शुरुआत में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने साउथ 24 परगना के मथुरापुर में एक सभा से यह दावा किया। उन्होंने दावा किया कि इस चुनाव में बंगाल की जनता तृणमूल को उखाड़ फेंकेगी। साथ ही, अभिषेक बनर्जी का नाम लिए बिना अमित शाह ने उन पर भी तीखा हमला बोला। अमित शाह ने कहा, ‘क्या ममता बनर्जी अपने भतीजे के साथ मिलकर सुनहरा बंगाल बना सकती हैं? मैं बंगाल की जनता से कहने आया हूं कि अगर उन्होंने इस बार तृणमूल कांग्रेस को वोट देने की गलती की तो बंगाल में ममता दीदी का नहीं, बल्कि भतीजों का राज होगा। क्या आप भतीजों के राज में रहना चाहते हैं? इस बार हमें बदलाव करना है।’ अमित शाह ने ममता बनर्जी और विपक्षी राजनीतिक खेमे पर भाई-भतीजावाद का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि बंगाल के लोगों की भलाई ममता बनर्जी का मकसद नहीं है। उनका मकसद बंगाल के लोगों के बजाय अभिषेक बनर्जी को बेहतर बनाना है। ममता बनर्जी का मकसद अभिषेक बनर्जी को मुख्यमंत्री बनाना है। उनके साथियों को भी देखिए। बिहार में लालू प्रसाद यादव के बेटे तेजस्वी यादव, असम में तरुण गोगोई के बेटे गौरव गोगोई, महाराष्ट्र में बालासाहेब ठाकरे के पोते आदित्य ठाकरे, ममता बनर्जी के भतीजे यहीं हैं। आपको बंगाल के युवाओं का नाम कहीं नहीं मिलेगा। आपका नाम तृणमूल कांग्रेस की लिस्ट में नहीं है। BJP परिवारवाद की राजनीति नहीं करती। परिवारवाद की राजनीति खत्म होनी चाहिए।”