दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गहरा दुख व्यक्त किया है। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर अभिनेता को श्रद्धांजलि दी और उनके अभिनय की गहराई, अलग पहचान और पर्दे पर उनकी खास मौजूदगी को याद किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि नाना पाटेकर ने अपनी विविधता और रचनात्मकता से हर किरदार को प्रभावशाली बनाया और उनके निभाए किरदार आने वाली पीढ़ियों तक याद किए जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाना पाटेकर के अभिनय के साथ-साथ उनके बेबाक और स्पष्ट विचारों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर अपनी बात खुलकर रखने के लिए जाने जाते थे और अपने विचार व्यक्त करने से कभी पीछे नहीं हटते थे। पीएम मोदी ने अभिनेता के व्यक्तित्व और उनकी खास शैली को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। पीएम मोदी ने कहा कि हिंदी और मराठी सिनेमा में नाना पाटेकर का योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा। उन्होंने अपने लंबे फिल्मी सफर के दौरान कई अलग-अलग तरह के किरदार निभाए और दर्शकों के बीच अपनी खास पहचान बनाई। प्रधानमंत्री ने कहा कि उनके निधन से कला और सिनेमा की दुनिया में एक बड़ी कमी पैदा हुई है। प्रधानमंत्री ने नाना पाटेकर के परिवार, दोस्तों और उनके अनगिनत प्रशंसकों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने दिवंगत अभिनेता की आत्मा की शांति की कामना करते हुए अपने संदेश का समापन ‘ॐ शांति’ के साथ किया। नाना पाटेकर ने हिंदी और मराठी सिनेमा के साथ-साथ रंगमंच पर भी अपनी अलग पहचान बनाई। ‘परिंदा’, ‘प्रहार’, ‘तिरंगा’, ‘क्रांतिवीर’ और ‘खामोशी: द म्यूजिकल’ जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को खूब सराहा गया। अपने अभिनय के लिए उन्हें तीन राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिले थे। भारत सरकार ने उन्हें पद्मश्री से भी सम्मानित किया था। नाना पाटेकर का 75 वर्ष की उम्र में निधन हुआ। जानकारी के मुताबिक, गुरुवार तड़के गोवा स्थित उनके आवास पर उनकी तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने करीब 45 मिनट तक सीपीआर देकर उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। बाद में उनका पोस्टमार्टम गोवा मेडिकल कॉलेज में किया गया। नाना पाटेकर के निधन की खबर सामने आने के बाद फिल्म जगत में शोक की लहर है। करीब पांच दशक लंबे करियर में उन्होंने सिनेमा और रंगमंच दोनों क्षेत्रों में अपनी अलग छाप छोड़ी। पीएम मोदी समेत कई लोगों ने उनके निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उनके योगदान को याद किया।

